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Dastan-E-Shayara By Reena Kumari Prajapat

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The Flower of WordThe Flower of Word by Vedvyas Mishra
The Flower of WordThe novel 'Nevla' (The Mongoose) by Vedvyas Mishra

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The novel 'Nevla' (The Mongoose), written by Vedvyas Mishra, presents a fierce character—Mangus Mama (Uncle Mongoose)—to highlight that the root cause of crime lies in the lack of willpower to properly uphold moral, judicial, and political systems...The novel 'Nevla' (The Mongoose) by Vedvyas Mishra

कविता की खुँटी

                    

शायद शाम हो गई

चमकती धूप, धुंधली सी हो गई
शायद शाम हो गई
इंतजार में वो ,दुबली सी हो गई
शायद शाम हो गई

पंछियों के झुंड ,अब मुड़ने लगें हैं
घोंसलों में कुछ, खलबली सी हो गई
शायद शाम हो गई

सुबह से दोपहर तक ,अच्छी खासी थी, वो
पता नहीं क्यों ,दुबली सी हो गई
शायद शाम हो गई

भूल नहीं पाती, उसके आने के वादे को
ढूंढती नजर उसकी, बावली सी हो गई
शायद शाम हो गई

सूरज के संग वो भी कहीं गुम हो जाती है
सबके बीच जैसे अजनवी सी हो गई
शायद शाम हो गई।।


यह रचना, रचनाकार के
सर्वाधिकार अधीन है


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रचना के बारे में पाठकों की समीक्षाएं (11)

+

उपदेश कुमार शाक्यावार said

क्या खूब लिखा लाजवाब नव वर्ष की शुभकामनाएं

जयश्री विलास जोधंळे said

सबके बीच जैसे अजनबी सी हो गई है बहुत सुदंर रचना मनोज जी

आलम-ए-ग़ज़ल - परवेज़ अहमद said

सूरज के संग वो भी कहीं गुम हो जाती है!
सब के बीच जैसे अजनबी सी हो गई!!
शायद शाम हो गई!
बहुत ही शानदार और बेहतरीन रचना! वाह! वाह! बहुत ख़ूब! बहुत ख़ूब! लाजवाब लिखा है आपने, मनोज जी! आदाब! 👌👌👏👏❤️🙏🙂

ललित दाधीच said

क्या गजब लिखते हो आप ❤️❤️🎉🎉💐💐 ऐसे हमें नई नई रचनाएं रसास्वादन करने के लिए लिखते रहें 💐💐। आपका नववर्ष आपको खुशियों से भरा पिटारा दे💐💐 नववर्ष की ढेरों शुभकामनाएं ❤️❤️

श्रेयसी said

वाह बहुत सुंदर रचना,नव वर्ष की हार्दिक शुभकामनाएंँ मनोज जी 🙏🙏

वन्दना सूद said

शानदार रचना 👌👌👏👏हैप्पी न्यू ईयर sir 🙏🙏

मनोज कुमार सोनवानी "समदिल" said

आप सभी को सादर प्रणाम करता हूं 🙏🌹🙏 बधाइयों के लिए हृदय से धन्यवाद और आप सभी को नये साल की ढेरों शुभकामनाएं 🙏🙏

सरिता पाठक said

अति सुन्दर, लाजबाब, रचना हर पंक्ति ह्रदय स्पर्श करती है मनोज भईया जी को नव वर्ष की हार्दिक शुभकामनायें, ईश्वर आपके जीवन में सदैव खुशियाँ बनाये रखे, भईया जी को सादर प्रणाम 🌹🌹🙏🙏

मनोज कुमार सोनवानी "समदिल" said

सरिता बहन 🙏🌹🌹🌹 नये साल का हर लम्हा आपके परिवार में खुशियों की बौछार लेकर आये। बधाई बधाई बधाई बधाई 🌹🙏🙏

सुप्रिया साहू said

वाह, बहुत खूब, हर पंक्ति लाज़वाब 👌👌, नए साल की आपको एवं आपके पूरे परिवार को हार्दिक बधाई मनोज सर 🥰, आपको सादर प्रणाम 🙏🙏।

मनोज कुमार सोनवानी "समदिल" said

धन्यवाद सुप्रिया जी 🙏🙏

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