कोई तो मिलेगा मुमकिन दिल उदार।
हाथ बढ़ाए या इशारे से करे स्वीकार।।
बहते पानी में डूबे या उतराए संग-संग।
तमन्ना जोर मार रही कभी हो दीदार।।
दुनिया तो लगती करेला नीम चढ़ी सी।
उसके वाबजूद दिल चाहता मिले प्यार।।
जुगनू तितली तारे तब होंगे हक्के-बक्के।
महकी महकी खुशबू के संग रूबरू यार।।
मन ने पहले ही छाप लिया उसका नाम।
जिससे 'उपदेश' मिलेगा करके एतबार।।
- उपदेश कुमार शाक्यावार 'उपदेश'
गाजियाबाद


The Flower of Word by Vedvyas Mishra
The novel 'Nevla' (The Mongoose) by Vedvyas Mishra
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