कोई अगर नीचा दिखाए
समझो जीना तुम्हे सिखाए ।
कोई अगर तुम्हे सताए
समझो सबक ये तुम्हे बताए।
अगर कोई कहे सपनो को छोड़ो
समझो सपनो से अब खुद को जोड़ो।
इन लोगो का ना कोई मोल है।
ये वक्त्त बड़ा अनमोल है।
-राशिका

Dastan-E-Shayara By Reena Kumari Prajapat

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The Flower of Word by Vedvyas Mishra
The novel 'Nevla' (The Mongoose) by Vedvyas Mishra
कोई अगर नीचा दिखाए
समझो जीना तुम्हे सिखाए ।
कोई अगर तुम्हे सताए
समझो सबक ये तुम्हे बताए।
अगर कोई कहे सपनो को छोड़ो
समझो सपनो से अब खुद को जोड़ो।
इन लोगो का ना कोई मोल है।
ये वक्त्त बड़ा अनमोल है।
-राशिका
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