कुछ ख़ास पल ,
जिनके आने का रहता है दिल को इन्तिज़ार ,
और वक़्त बीतता ही नहीं जिनके आने तक ,
यूँ लगता है कि रुक सा गया हो समय ,
पर ,
वे पल आ के चले भी जाते है ,
और पता चलता ही नहीं ,
यूँ लगता है कि भाग सा गया हो समय ,
पर हाँ ,
कुछ मीठे किस्से ,
कुछ प्यारी यादें ,
दिल में खुशी,
और चेहरे पे मुस्कान ,
छोड़ जाते है ,
वे ख़ास पल |


The Flower of Word by Vedvyas Mishra
The novel 'Nevla' (The Mongoose) by Vedvyas Mishra
The Flower of Word by Vedvyas Mishra







