कविता : अगर संसार न हो.......
हम दोनों में प्रिय
इतना प्यार हो
कभी भी हमारे बीच
में न दरार हो
मैं ये सोचूं ये सारा संसार न हो
हों तो सिर्फ मैं और तुम
मगर फिर सोचूं संसार ही न
हो तो जिएंगे कैसे हम ?
मगर फिर सोचूं संसार ही न
हो तो जिएंगे कैसे हम.......?
netra prasad gautam


The Flower of Word by Vedvyas Mishra
The novel 'Nevla' (The Mongoose) by Vedvyas Mishra
The Flower of Word by Vedvyas Mishra







