Dastan-E-Shayara By Reena Kumari Prajapat

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The Flower of WordThe Flower of Word by Vedvyas Mishra
The Flower of WordThe novel 'Nevla' (The Mongoose) by Vedvyas Mishra
The Flower of Word by Vedvyas MishraThe Flower of Word by Vedvyas Mishra
Dastan-E-Shayara By Reena Kumari Prajapat

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The novel 'Nevla' (The Mongoose), written by Vedvyas Mishra, presents a fierce character—Mangus Mama (Uncle Mongoose)—to highlight that the root cause of crime lies in the lack of willpower to properly uphold moral, judicial, and political systems...The novel 'Nevla' (The Mongoose) by Vedvyas Mishra

कविता की खुँटी

                    

दूर तलक का साथ

चलना हो दूर तलक, छोड़ दे मन का मान।
राह कठिन हो जाए जब, थामे रखना प्राण॥

मन में गाँठ न पालिए, बात गई तो जाने।
रिश्ता वही बचा रहे, जो फिर से लगे मुस्काने॥

अपना-अपना दोष गिने, तो कौन रहा अपना।
एक कदम तू छोड़ दे, एक कदम वह अपना॥

शब्द कभी तीर बनें, मौन करे आघात।
फिर भी प्रेम बचाइए, यही बड़ी सौगात॥

रूठे मन को जीतना, जीत नहीं संसार।
अपनेपन की छाँव में, मिटता मन का भार॥

माफ़ी ऐसी दीप है, जले बिना उजियार।
जिस घर में यह जल उठे, टिके प्रेम-परिवार॥

किसने कितना दुख दिया, इसका मत रख हिसाब।
किसने गिरकर थाम लिया, बस इतना रख याद॥

राह बहुत है दूर की, साथी है अनमोल।
मन से मन जब जुड़ गया, हल्का हर एक मोल॥

चलना हो तो साथ चल, छोड़ कपट-अभिमान।
प्रेम बचाना सीख ले, यही मनुज की शान॥




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रचना के बारे में पाठकों की समीक्षाएं (4)

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सरिता पाठक said

बहुत सुन्दर रचना 👌अति सुन्दर, आदरणीय सर जी ko सादर प्रणाम 🙏

डॉ अखिलेश श्रीवास्तव replied

उत्साहवर्धन के लिए हृदय से आभार 🙏

मनोज कुमार सोनवानी "समदिल" said

जीवन के बहुत सारे पहलुओं का तथ्यात्मक चित्रण। वाह क्या बात है। सादर प्रणाम।

डॉ अखिलेश श्रीवास्तव replied

उत्साहवर्धन के लिए हृदय से आभार 🙏

ललित दाधीच said

बहुत सुंदर रचना, लाजवाब ❤️❤️

डॉ अखिलेश श्रीवास्तव replied

उत्साहवर्धन के लिए हृदय से आभार 🙏

कृष्णा शर्मा said


बहुत खूबसूरत रचना 👏👏👏
सादर प्रणाम 🙏

डॉ अखिलेश श्रीवास्तव replied

उत्साहवर्धन के लिए हृदय से आभार 🙏

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