नेता,
अभिनेता,
व्यापारी,
अधिकारी,
सब जानते है,
तुम भीड़ हो,
क्या सोचती हो ?
क्या चाहती हो ?
क्या कर सकती हो,
वादों पे मरती हो,
बहुत कम सोचती हो,
एक सहारा चाहती हो,
बहुत भोली भाली हो,
भावनाएं तुम्हारी कमजोरी है,

Dastan-E-Shayara By Reena Kumari Prajapat

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The Flower of Word by Vedvyas Mishra
The novel 'Nevla' (The Mongoose) by Vedvyas Mishra
नेता,
अभिनेता,
व्यापारी,
अधिकारी,
सब जानते है,
तुम भीड़ हो,
क्या सोचती हो ?
क्या चाहती हो ?
क्या कर सकती हो,
वादों पे मरती हो,
बहुत कम सोचती हो,
एक सहारा चाहती हो,
बहुत भोली भाली हो,
भावनाएं तुम्हारी कमजोरी है,
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