बादल ये काले ये आसमान भी काले
जमीं पे पड़े है हरियाली के साये
टिप टिप बरसता ये बारिश का पानी
जिसमें भीगी थी वो यादें पुरानी
जोरो से चलती जब ठंडी हवाएं
जाके लिपटते थे मम्मी के साये
छम छम छमकता ये बारिश का पानी
जिसमें भीगी थी वो यादें पुरानी
कागज़ की नैया पानी में बहाता
डूब जाती तो मैं जोर से चिल्लाता
छप छप छपकता ये बारिश का पानी
जिसमें भीगी थी वो यादें पुरानी
भीगते थे बारिश में तो मम्मी थी डांटती
सर्दी जुकाम से हमें वो बचाती
छल छल छलकता ये बारिश का पानी
जिसमें भीगी थी वो यादें पुरानी
बारिश जो छुटती हम बाहर चले जाते
दोस्तों के संग मिल गाना गुनगुनाते
चम चम चमकता ये बारिश का पानी
जिसमें भीगी थी वो यादें पुरानी


The Flower of Word by Vedvyas Mishra
The novel 'Nevla' (The Mongoose) by Vedvyas Mishra
The Flower of Word by Vedvyas Mishra







