थोड़ी सी हिचकिचाहट हो रही है
थोड़ी सी घबराहट हो रही है
मैं उससे कर रहा हूं मिलने की तैयारी
मुझको याद आ रही है मेरी घरवाली
उससे मिले हुए जमाना हो गया है
उसके बिना तो सब बेगाना हो गया है
अब लौटकर जाऊंगा तो मनाएंगे दिवाली
मुझको याद आ रही है मेरी घरवाली
उसके पास जाऊंगा तो खूब सजाऊंगा
थोड़ा झाड़ू थोड़ा पोछा भी लगाऊंगा
पड़ोसी याद करके दे रहे हैं गाली
मुझको याद आ रही है मेरी घरवाली
उसकी बातों में सुकून मिलता था
उसकी छाँव में दिल खुश रहता था
छोड़ कर जाऊंगा मैं अपनी शहर वाली
मुझको याद आ रही है मेरी घरवाली
अब तुम भी सोच रहे होगे बात क्या है
किसके इश्क़ में डूबा ये जनाब है
न कोई प्रेमिका है न मेरी कोई साली
सौरव का अपना घर ही है उसकी घरवाली
.....100₹v(सौरव)🖤❤️✍️


The Flower of Word by Vedvyas Mishra
The novel 'Nevla' (The Mongoose) by Vedvyas Mishra
The Flower of Word by Vedvyas Mishra







