मुहम्मद की फरमान पर काम करना यही हिदायत समझा जायेगा दुनियां की आबादी के लिए एक फरमान है ।
तौबा करो अपनी अपना कामों से जिससे इंसानियत की कत्ल हुआ है
ख़ुद को बदलना गलत कामों से तौबा करना ये अपने बस में है सदा
खुदा हिदायत नहीं देता किसी को हिदायत वाली राह पर अमल करो
जबतक दुनियां रहेगी सभी मखलुकात नबी मुहम्मद के उम्मत हैं
नबी मुहम्मद को खुदा ने हिदायत दे कर भेजा है जहान में वे मखलुकात के रहबर हैं
पत्थर पूजने वाले पत्थर ही पूजना है तो एक मूरत बनाओ एक की पूजा करो
यहूदी , ईसाई भी एक खुदा को मानता है एक ही कौम है जो इंसानी शक्ति की पूजा करते हैं
ताकतवर आदमी भी डरता है सच्चे आदमी से उनका एहतराम करें पूजना मना है
एडिसन , न्यूटन , लुईस अंधे थे फिर भी इनलोगों ने बहुत अज़ीम किया है
इनकी पूजा भी ईसाई यहूदी नहीं करते ये अहम इशारा है शक्ति पूजा करने वालों के लिए
बीस सौ चौदह में मोदी और सोलह में ट्रंप को अपने चमकतार से प्रधान मंत्री और सदर बनाया है
दो हज़ार लिखित ट्वीट्स गवाह है जिसे झुठलाया नहीं जा सकता डिलीट किया जा सकता है
मगर जो पढ़ चुका wasi ahmad qadri की ट्वीट्स ईमानदारों के दिल से निकाला नहीं जा सकता है
मिशाल कायम है जहान में नबियों और अल्लाह की सच्चा बंदा करामात दिखाया है जहान में
हम हैं की अल्लाह से नहीं मांगते हैं तो नबी और वली से क्यूं मांगे खुदा की हुक्म मुहम्मद की फ़रमान पर काम करते हैं
हमारी ज़रुरत क्या हो सकती है जीवन के लिए खुदा को मालूम है मेरे मांगने से बेहतर वह देने वाला है
हम काम करते हैं ईमानदारी वो सच्चाई के साथ जिस काम को हमने सीखा या खुदा ने सिखाया है
जो कोई मेरी मेहनत का मेहनताना नहीं देगा उससे खुदा समझेगा हमें बदला लेने की ज़रूरत नहीं है
यकीनन जो नेक काम करेगा सभी जीव प्राणी वो जंतु के लिए उसपर खुदा का रहमती साया होगा
मुहम्मद की फरमान पर काम करना यही हिदायत समझा दुनियां की आबादी के लिए एक फरमान है
वसी अहमद क़ादरी । वसी अहमद अंसारी।
मुफक्किर ए कायनात । मुफक्कीर मखलूकात
दरवेश । लेखक । पोशीदा शायर


The Flower of Word by Vedvyas Mishra
The novel 'Nevla' (The Mongoose) by Vedvyas Mishra
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