आ के इस दिल में छुप गया कोई,
धड़कनें अपनी भूल गया कोई।
हाथ मत लगाओ इस नाज़ुक दिल को,
इश्क़ में अब बहक गया कोई।
एक सीने में दो दिलों का है दर्द,
इस क़दर दिल से मिल गया कोई।
साँस लेना भी अब है भारी यहाँ,
ऐसी मुश्किल में डाल गया कोई।
रो के कहता हूँ दिल की घबराहट,
काली आँखों से कह गया कोई।
एक ही धड़कन है दो जानों की,
रूह में ऐसे बस गया कोई।
पूछता हूँ मैं बे-दिलों से यही,
क्या बिना दिल के जी सका कोई?
जान जाती है उनके जाने से,
मुझको ख़ुद से जुदा किया कोई।
इश्क़ आवारा कर गया हमको,
याद भी साथ ले गया कोई।
डर है 'ललित' वो भूल न जाए नाम मेरा,
अजनबी हमको कर गया कोई।
- ललित दाधीच


The Flower of Word by Vedvyas Mishra
The novel 'Nevla' (The Mongoose) by Vedvyas Mishra
The Flower of Word by Vedvyas Mishra







