कई बार पुकारा तुझको,
इक बार तो सुन लो ना !!
जानम तेरे दिल में क्या है ,
तुम ही तो जता दो ना !!
दर-दर भटका हूँ दिलबर,
तेरी एक झलक के लिए !!
हूँ पिछले जनम का मंझनू,
तुम ग़ौर से देखो ना !!
तू कहे तो अपना सीना ,
चीर के मैं दिखा दूँ यार !!
मेरे दिल में है तेरी सूरत,
अब तो तड़पाओ ना !!
मेरे चेहरे पे मत जाना,
आईना हूँ रखता हरदम !!
पैसे की कमी न है पास,
मेरी फोन पे देख ले ना !!
यह रचना, रचनाकार के
सर्वाधिकार अधीन है
सर्वाधिकार अधीन है


The Flower of Word by Vedvyas Mishra
The novel 'Nevla' (The Mongoose) by Vedvyas Mishra
The Flower of Word by Vedvyas Mishra







