प्यार में डूब जाने की चाहत झूटी नही।
संस्कारी बनी रहने की आदत छूटी नही।।
मुझे फंसाने की कोशिश में साज़िशें हुई।
पर मैं आज तक सहन करती रूठी नही।।
छूट गई मेरी ससुराल नौकरी बदलते ही।
श्रद्धा आज भी है मान मर्यादा टूटी नही।।
उँगलियाँ जलते जलते बची उस तपन से।
झगड़े की वज़ह शादी मैं बहू अनूठी नही।।
अब हर मुस्कान ठीक से जाँच परख लेती।
हर वक्त साँप की परछाई 'उपदेश' झूटी नही।।
- उपदेश कुमार शाक्यावार 'उपदेश'
गाजियाबाद


The Flower of Word by Vedvyas Mishra
The novel 'Nevla' (The Mongoose) by Vedvyas Mishra
The Flower of Word by Vedvyas Mishra







