ले चल जिंदगी कहीं जहाँ सुकून हो...।
न रहे कोई बस एक मैं और तू हो...।।
कर बसेरा वहाँ जहाँ प्रेम ही प्रेम हो,
मतलब न रख दुनिया वालों से..!
बस मतलब रख मुझसे और स्वभाव से...।
ले चल जिंदगी कहीं जहाँ सुकून हो जहाँ सुकून हो...।।
- सुप्रिया साहू

Dastan-E-Shayara By Reena Kumari Prajapat

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ले चल जिंदगी कहीं जहाँ सुकून हो...।
न रहे कोई बस एक मैं और तू हो...।।
कर बसेरा वहाँ जहाँ प्रेम ही प्रेम हो,
मतलब न रख दुनिया वालों से..!
बस मतलब रख मुझसे और स्वभाव से...।
ले चल जिंदगी कहीं जहाँ सुकून हो जहाँ सुकून हो...।।
- सुप्रिया साहू
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